अफसोस ! बेटी, इज्जत का भार ।

अफसोस बस इतना है, अगर सच पता चल जाए एक लड़की को, कि वो किसलिए है धरती पर आईं है, शायद वो कभी इन उलझनों में फसे ही ना। जो समझाया गया है आज तक। हर खामोशी ने उसे बस यही समझाया यही होना है तेरा चाल चलन अगर वो Read more…

अंधे समाज की चपेट

लोगों से अपील है, मुद्दा सिर्फ रेप ना होने का है।
कृपया इसे ये ना बोले किस जगह, किसके साथ ,और किस उम्र में हुआ।
जब भी हुआ जिसके साथ हुआ वो ग़लत हुआ।
सिर्फ इस बात को समझेंगे तो
इस बात का न्याय मांगे की, कानून व्यवस्था ऐसी बने की ।
भरोसा बन सके और भय भी।
#rapistfreeindia

नारी वहीं जो दुर्गा भी है काली भी।

भारत वहीं देश था, वहीं देश हैजहां नारी का सम्मान किया जाता हैक्योंकि यही वो देश है , जहां की नारी सर्वशक्तिमान हैये ना सोच मुसाफिर , कितने अफसोस की बात हैये सोच मुसाफिर की व्यक्ति अब खामोश नहींआने लगी जुबान हैहोने लगा शोर हैहाहाकार हर ओर है जिनकी जुबान Read more…

औरत एक मनोरंजन या मजबूर

समझ नहीं आता औरत एक मनोरंजन या मजबूर समझ नहीं आता खुश हो जाऊ , की शोर तो हुआ कम से कमया फिर से दुखी। कि आखिर ये क्यों हुआकैसी ये न्याय शैली है,जो औरतों के सामने इतनी मजबूर है,बेबस और बेचारी है,अफसोस तो इस बात का होगा, आवाजें कई Read more…

Calling life☎️📞

Calling life, The moment I started realisingLife is too easy, just the way it isI truly believedhardwork is always paid off But at the same time someone said, “But why working so hard, Why?Is there any sense of enjoyment.” Once life gives you the lessonsYou learn, to not question hardwork. Read more…

सफर

अपने सफ़र में सभी एक तलाश में है चाहे वो खुशी की हो क्या इंसान की या पहचान की हो या फिर खुद को ढूंढने की हो सभी की तलाश जारी है और मुकाम पाने की हर कोई चाहत रखता है

error: Content is protected !!
en_USEnglish
hi_INहिन्दी en_USEnglish